Drnewsindia
गुवाहाटी/भोपाल: असम की पावन धरा मां कामाख्या की गोद में आयोजित “भारत का वस्त्र उद्योग: विकास, विरासत और नवाचार का ताना-बाना” विषयक राष्ट्रीय सम्मेलन में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य के औद्योगिक भविष्य का रोडमैप साझा किया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मध्य प्रदेश सरकार वस्त्र उद्योग को रोजगार और विकास की धुरी मानकर इसे ‘सर्वोच्च प्राथमिकता’ दे रही है।
मुख्य बिंदु: विकास और विरासत का संगम
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सम्मेलन के दौरान कई महत्वपूर्ण पहलुओं पर प्रकाश डाला:
- विरासत का संरक्षण: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का वस्त्र उद्योग अपनी प्राचीन परंपराओं को सहेजते हुए आधुनिकता की ओर बढ़ रहा है।
- MP की प्राथमिकता: मध्य प्रदेश में हैंडलूम और हैंडीक्राफ्ट के क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य हो रहे हैं। वस्त्र उद्योग को ‘रोजगारपरक औद्योगिक विकास’ की श्रेणी में सबसे ऊपर रखा गया है।
- PM मित्र पार्क: धार (मध्य प्रदेश) में देश के पहले पीएम मित्र पार्क का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यह पार्क आत्मनिर्भर भारत और आर्थिक शक्ति बनने के संकल्प को पूरा करेगा।
- निवेश मित्र वातावरण: केंद्र और राज्य के साझा प्रयासों से मध्य प्रदेश अब निवेश की दृष्टि से देश का एक प्रमुख केंद्र बन चुका है।
मुख्यमंत्री के संबोधन की खास बातें
“संस्कृति, संस्कार, संसाधन और विरासत की दृष्टि से मध्यप्रदेश अग्रणी है। प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में हम भारत को विश्व की तीसरी सबसे बड़ी आर्थिक शक्ति बनाने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं।”
— डॉ. मोहन यादव, मुख्यमंत्री
टेक्सटाइल सेक्टर में क्यों खास है मध् प्रदेश?
मध्य प्रदेश सरकार औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए लगातार नवाचार कर रही है:
| क्षेत्र | प्रमुख विशेषताएँ |
| धार (PM मित्र पार्क) | विश्व स्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर और एकीकृत टेक्सटाइल वैल्यू चेन। |
| हैंडलूम & हैंडीक्राफ्ट | चंदेरी और महेश्वरी जैसे वैश्विक ब्रांड्स का संरक्षण और विपणन। |
| निवेश नीति | उद्योग अनुकूल नीतियां और निवेशकों को दी जाने वाली विशेष रियायतें। |




