Drnewsindia.comसीहोर | शिक्षा विभाग
सीहोर जिले में स्कूल शिक्षा विभाग के निर्देशों की अनदेखी करने वाले शिक्षकों और कर्मचारियों पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की गई है। जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) संजय सिंह तोमर ने ई-अटेंडेंस (E-Attendance) दर्ज न कराने वाले 1724 शिक्षकों और अन्य शासकीय कर्मचारियों का दिसंबर माह का वेतन भुगतान तत्काल प्रभाव से रोक दिया है।
सीहोर की चिंताजनक रैंकिंग
DEO संजय सिंह तोमर ने बताया कि स्कूल शिक्षा विभाग एवं लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा सभी सरकारी स्कूलों में कार्यरत भृत्य से लेकर प्राचार्य तक समस्त कर्मचारियों को “हमारे शिक्षक ऐप” पर प्रतिदिन ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराना अनिवार्य किया गया है।
बार-बार पत्राचार और निर्देशों के बावजूद, जिले के कई कर्मचारी इसे गंभीरता से नहीं ले रहे थे।
- राज्य स्तर पर स्थिति: ई-अटेंडेंस में लापरवाही के कारण सीहोर जिला पूरे मध्य प्रदेश में 35वें स्थान पर खिसक गया था।
- वरिष्ठ अधिकारियों की नाराजगी: इस खराब प्रदर्शन पर वरिष्ठ अधिकारियों ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की थी और कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
कार्रवाई की पूरी लिस्ट
इस स्थिति को सुधारने के लिए, DEO संजय सिंह तोमर ने तत्काल सख्ती दिखाते हुए जिले के समस्त विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को आदेश जारी किया।
| विवरण | संख्या |
| कुल कर्मचारी जिनका वेतन रोका गया | 1724 |
| केवल सीहोर विकासखंड के लोकसेवक | 740 |
DEO संजय सिंह तोमर ने कहा, “जिला प्रदेश में 35वें नंबर पर था। स्थिति सुधारने के लिए सख्ती करना जरूरी था। सभी लोकसेवकों को निर्देश है कि वे निरंतर ई-अटेंडेंस लगाएं, ताकि राज्य स्तर पर सीहोर जिले की स्थिति में सुधार हो सके।”
तत्काल सुधार का निर्देश
वेतन रोके जाने के बाद सभी कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रतिदिन “हमारे शिक्षक ऐप” पर अपनी उपस्थिति दर्ज करना सुनिश्चित करें। यह कार्रवाई एक संदेश है कि शासकीय कार्यों में डिजिटल उपस्थिति को लेकर अब कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस कदम से उम्मीद है कि आने वाले दिनों में सीहोर जिले की रैंकिंग में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।




