Drnewsindia.com
विदिशा (मंडी बामोरा)। रविवार की रात मंडी बामोरा कस्बे के लिए काली रात साबित हुई। मेन मार्केट स्थित ‘कठरया ब्रदर्स’ की कपड़े की दुकान में शॉर्ट सर्किट से लगी आग ने देखते ही देखते तीन मंजिला इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के वक्त ऊपर के फ्लोर पर मासूम बच्चों समेत 12 लोग सो रहे थे, जिन्हें फिल्मी अंदाज में क्रेन की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया।
जैन मंदिर की क्रेन बनी ‘देवदूत’
आग और धुएं के कारण सीढ़ियों से नीचे उतरना नामुमकिन था। तभी सामने बन रहे जैन मंदिर की निर्माण क्रेन और रस्सियों का उपयोग किया गया। क्रेन के जरिए बच्चों और महिलाओं को एक-एक कर नीचे उतारा गया। समय रहते हुए इस रेस्क्यू ने एक बड़े हादसे को टाल दिया।

1.5 करोड़ का स्टॉक जलकर राख
पीड़ित अर्पित कठरया ने बताया कि आग संभवतः दुकान के बाहर लगे बिजली के खंभे में शॉर्ट सर्किट से शुरू हुई और डोरी के जरिए 70 फीट गहरी कपड़े की दुकान तक फैल गई।
- नुकसान: पूरी तरह भरी हुई कपड़े की दुकान, पास की किराने की दुकान और घर का सारा कीमती सामान जल गया।
- अनुमानित घाटा: प्राथमिक आकलन के अनुसार 1 से 1.5 करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है।
- मकान की स्थिति: भीषण गर्मी और आग के कारण तीन मंजिला भवन भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है।
रेस्क्यू में देरी?
घटना की सूचना मिलते ही कुरवाई की फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंच गई थी, लेकिन बीना से टीम पहुंचने में करीब 2 घंटे का समय लगा। यदि क्रेन और स्थानीय लोगों ने तत्परता न दिखाई होती, तो जनहानि हो सकती थी।
पीड़ित की आपबीती: “मैं अपनी पत्नी और ढाई साल की बच्ची के साथ सो रहा था, तभी धुआं भरने लगा। बाहर देखा तो भाई की दुकान और हमारा पूरा घर आग के घेरे में था।” — अर्पित कठरया
वर्तमान स्थिति
प्रशासनिक और पुलिस अमला नुकसान का विस्तृत पंचनामा तैयार कर रहा है। शुरुआती जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट ही बताया जा रहा है।




