drnewsindia.com / नई दिल्ली | 4 मार्च 2026
होली के त्यौहार के तुरंत बाद सर्राफा बाजार से निवेशकों और खरीदारों के लिए बड़ी खबर आ रही है। मंगलवार को अवकाश के बाद जब आज बाजार खुला, तो सोने और चांदी की कीमतों में जोरदार गिरावट दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, प्रॉफिट बुकिंग के चलते सोने के दाम में ₹6,149 और चांदी में ₹23,417 की बड़ी कमी आई है।
आज के ताजा भाव: एक नजर में
| धातु | आज का भाव (4 मार्च) | पिछला भाव (सोमवार) | गिरावट |
| सोना (24 कैरेट) | ₹1.61 लाख / 10 ग्राम | ₹1.67 लाख | – ₹6,149 |
| चांदी (1 किलो) | ₹2.66 लाख / किलो | ₹2.89 लाख | – ₹23,417 |
गिरावट की वजह: बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले दिनों हुई भारी तेजी के बाद निवेशकों ने मुनाफा वसूली (Profit Booking) की है, जिससे कीमतों पर दबाव बना है।
जनवरी में बनाया था ‘ऑल टाइम हाई’
इस साल की शुरुआत से ही कीमती धातुओं में जबरदस्त अस्थिरता देखी गई है:
- सोना: 29 जनवरी को सोना ₹1.76 लाख के शिखर पर था। तब से अब तक इसमें करीब ₹14,799 की कमी आ चुकी है।
- चांदी: चांदी 29 जनवरी को ₹3.86 लाख के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई थी। पिछले 34 दिनों में यह ₹1.19 लाख सस्ती हुई है।
शहरों में क्यों अलग-अलग होते हैं दाम?
अक्सर लोग पूछते हैं कि हर शहर में रेट अलग क्यों होते हैं? इसके 4 प्रमुख कारण हैं:
- ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी: आयात केंद्रों से दूरी और सुरक्षा खर्च।
- खरीद की मात्रा: दक्षिण भारत जैसे राज्यों में भारी डिमांड के कारण बल्क डिस्काउंट मिलता है।
- लोकल ज्वेलरी एसोसिएशन: स्थानीय मांग के अनुसार रेट तय करने की आजादी।
- पुराना स्टॉक: ज्वेलर्स के खरीदने के पुराने भाव।
क्या आगे और बढ़ेंगे दाम? एक्सपर्ट्स की राय
- जतिन त्रिवेदी (LKP सिक्योरिटीज): अमेरिका के आर्थिक और बेरोजगारी के आंकड़े अहम होंगे। अगर सोना ₹1.64 लाख के ऊपर टिका रहता है, तो यह ₹1.72 लाख तक जा सकता है।
- पोनमुडी आर (CEO, एनरिच मनी): चांदी अगर ₹2.50 लाख के सपोर्ट लेवल को बनाए रखती है, तो यह दोबारा ₹3.30 लाख के स्तर को छू सकती है।
खरीदारी से पहले ध्यान दें: असली-नकली की पहचान
सोना खरीदते समय:
- HUID हॉलमार्किंग: हमेशा BIS हॉलमार्क वाला सोना लें (जैसे- AZ4524)।
- रेट क्रॉस चेक: IBJA की वेबसाइट पर जाकर 24, 22 और 18 कैरेट के रेट जरूर चेक करें।
चांदी की पहचान के 4 घरेलू तरीके:
- चुंबक टेस्ट: चांदी चुंबक से नहीं चिपकती।
- बर्फ टेस्ट: चांदी पर बर्फ रखने से वह बहुत तेजी से पिघलती है।
- कपड़ा टेस्ट: सफेद कपड़े से रगड़ने पर असली चांदी काला निशान छोड़ती है।
- स्मेल टेस्ट: असली चांदी में किसी भी तरह की गंध नहीं होती।
बाजार की अगली चाल किस पर निर्भर है?
आने वाले दिनों में मिडल ईस्ट तनाव (ईरान-इजराइल संकट) और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की पॉलिसी सोने-चांदी की दिशा तय करेगी। अगर वैश्विक तनाव बढ़ता है, तो सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने में फिर से उछाल आ सकता है।




