नई दिल्ली। देश के चार राज्यों में विधान परिषद यानी एमएलसी चुनावों के नतीजों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। बुधवार को चुनावी नतीजों के सामने आने के बाद प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा की। इसमें उन्होंने बैलेट पेपर से हुए चुनाव का उल्लेख करते हुए कांग्रेस से सवाल किया कि पार्टी ने कितनी सीटें जीतीं। प्रधानमंत्री की पोस्ट में सोचने वाली इमोजी भी शामिल थी। इस टिप्पणी को कांग्रेस के चुनावी प्रदर्शन और बैलेट पेपर से मतदान को लेकर जारी राजनीतिक बहस के संदर्भ में देखा जा रहा है।
एमएलसी चुनावों के नतीजों को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इन चुनावों में उत्तर प्रदेश, बिहार, कर्नाटक और महाराष्ट्र की विधान परिषद की सीटों पर मतदान हुआ था। चुनावी प्रक्रिया और नतीजों ने राजनीतिक दलों को एक-दूसरे पर सवाल उठाने का अवसर दिया है।
पीएम मोदी ने एक्स पर क्या लिखा?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी पोस्ट में बैलेट पेपर से हुए चुनाव का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर कटाक्ष किया। उन्होंने सवालिया अंदाज में पूछा कि बताइए, कांग्रेस ने कितनी सीटें जीतीं? पोस्ट के साथ सोचने वाली इमोजी भी लगाई गई, जिससे उनके संदेश का व्यंग्यात्मक लहजा सामने आया।
इस टिप्पणी का मुख्य संदर्भ एमएलसी चुनावों में कांग्रेस का प्रदर्शन रहा। उपलब्ध चुनावी रिपोर्टों के अनुसार, चार राज्यों में विधान परिषद की 28 सीटों के लिए चुनावी प्रक्रिया चल रही थी और घोषित नतीजों में कांग्रेस को जीत नहीं मिली थी। कुछ सीटों पर मतगणना जारी रहने के कारण उस समय सभी निर्वाचन क्षेत्रों के अंतिम नतीजे उपलब्ध नहीं थे।
चार राज्यों की 28 एमएलसी सीटों पर चुनाव
विधान परिषद के चुनाव उत्तर प्रदेश, बिहार, कर्नाटक और महाराष्ट्र में आयोजित किए गए। इन चार राज्यों में कुल 28 सीटों के लिए चुनावी प्रक्रिया हुई। मतदान 23 अक्टूबर 2026 को हुआ था, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर से शुरू होकर बुधवार, 28 अक्टूबर को भी जारी रही। इन चुनावों में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटें शामिल थीं। The Times of India+1
एमएलसी का अर्थ है मेंबर ऑफ लेजिस्लेटिव काउंसिल, यानी विधान परिषद का सदस्य। विधान परिषद राज्य विधानमंडल का उच्च सदन होती है। यह व्यवस्था सभी राज्यों में नहीं है। जिन राज्यों में विधान परिषद मौजूद है, वहां उसके सदस्यों का चयन अलग-अलग निर्धारित प्रक्रियाओं के माध्यम से किया जाता है।
स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव सामान्य विधानसभा चुनावों से अलग होते हैं। इनमें मतदाता समूह और निर्वाचन प्रक्रिया की प्रकृति अलग रहती है। इसलिए इन चुनावों के नतीजों को समझते समय संबंधित निर्वाचन क्षेत्र और उसके मतदाता वर्ग को ध्यान में रखना आवश्यक है।
कर्नाटक में भाजपा-जेडीएस गठबंधन का प्रदर्शन
कर्नाटक के एमएलसी चुनावों में भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) गठबंधन ने चारों सीटों पर जीत दर्ज की। रिपोर्टों के अनुसार, भाजपा ने तीन सीटें जीतीं, जबकि उसकी सहयोगी जेडीएस ने बेंगलुरु शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जीत हासिल की। इस प्रदर्शन के चलते कांग्रेस को इन चार सीटों में कोई जीत नहीं मिली।
बेंगलुरु शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जेडीएस उम्मीदवार एपी रंगनाथ ने कांग्रेस के मौजूदा एमएलसी पुत्तन्ना को 908 मतों से हराया। वहीं, भाजपा ने उत्तर-पूर्व शिक्षक, दक्षिण-पूर्व स्नातक और पश्चिम स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में जीत हासिल की।
उत्तर प्रदेश और बिहार में भी अलग-अलग नतीजे
उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की 11 सीटों के लिए चुनाव हुए। बुधवार को उपलब्ध रिपोर्टों में भाजपा और समाजवादी पार्टी ने अलग-अलग निर्वाचन क्षेत्रों में जीत दर्ज की थी। शुरुआती घोषित नतीजों में भाजपा ने चार और समाजवादी पार्टी ने दो सीटें जीती थीं, जबकि अन्य सीटों पर मतगणना जारी थी।
बिहार में विधान परिषद की आठ सीटों के लिए चुनाव हुए। यहां भी मुकाबला कई दलों के बीच रहा। दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार सुरेश प्रसाद राय ने कांग्रेस के मौजूदा एमएलसी मदन मोहन झा को 324 मतों से हराया। यह जन सुराज पार्टी के लिए विधान परिषद में पहली जीत थी।
बिहार के तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के नरेंद्र प्रसाद सिंह ने जीत दर्ज की, जबकि पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में राष्ट्रीय जनता दल के डॉ. संजीव कुमार ने भाजपा के वरिष्ठ नेता नवल किशोर यादव को हराया। इन नतीजों से स्पष्ट हुआ कि अलग-अलग राज्यों और सीटों पर राजनीतिक दलों का प्रदर्शन एक जैसा नहीं रहा।
एमएलसी चुनावों के नतीजों के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी रहने की संभावना है। प्रधानमंत्री मोदी की एक्स पोस्ट ने चुनावी नतीजों को राजनीतिक चर्चा के केंद्र में ला दिया है। बैलेट पेपर का उल्लेख करते हुए कांग्रेस से सवाल पूछना इस बहस का प्रमुख हिस्सा बन गया।
कुल मिलाकर, बुधवार को एमएलसी चुनावों के नतीजों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए पूछा कि बैलेट पेपर से हुए चुनावों में पार्टी ने कितनी सीटें जीतीं। चार राज्यों की 28 विधान परिषद सीटों के चुनाव में कांग्रेस को शुरुआती घोषित परिणामों में सफलता नहीं मिली थी, जबकि अलग-अलग राज्यों में भाजपा, समाजवादी पार्टी, जन सुराज पार्टी और अन्य उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की। इस घटनाक्रम ने चुनावी प्रदर्शन और मतदान प्रक्रिया से जुड़ी राजनीतिक बहस को फिर चर्चा में ला दिया।






