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भोपाल | 03 अप्रैल, 2026 रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय (RNTU) के वार्षिक महोत्सव ‘रिदम 2026’ के अंतर्गत लगातार तीसरे वर्ष ‘अफ्रो फेस्ट’ का भव्य आयोजन किया गया। इस उत्सव ने भोपाल में लघु अफ्रीका का दृश्य जीवंत कर दिया, जहाँ कला, संगीत और परंपराओं के माध्यम से सांस्कृतिक विविधता का जश्न मनाया गया।
अंतरमहाविद्यालयीन मंच पर बिखरे अफ्रीकी रंग
इस वर्ष का अफ्रो फेस्ट केवल विश्वविद्यालय तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें भोपाल के अन्य प्रमुख विश्वविद्यालयों के अफ्रीकी छात्रों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस भागीदारी ने आयोजन को एक सशक्त इंटर-कॉलेज कल्चरल फेस्ट का रूप दे दिया।

प्रमुख आकर्षण: फैशन शो से लेकर लाइव बैंड तक
कार्यक्रम के दौरान परिसर ऊर्जा और रचनात्मकता से सराबोर रहा। दर्शकों को मंत्रमुग्ध करने वाली प्रमुख प्रस्तुतियाँ रहीं:
- ऊर्जावान नृत्य: पारंपरिक अफ्रीकी धुनों पर थिरकते कदम।
- आकर्षक फैशन शो: जहाँ अफ्रीकी विरासत और आधुनिक परिधानों का संगम दिखा।
- लाइव बैंड और नाट्य: इस वर्ष पहली बार लाइव बैंड परफॉर्मेंस और नाटकों को शामिल किया गया, जिन्हें खूब सराहना मिली।

नेतृत्व और मार्गदर्शन
विश्वविद्यालय के वरिष्ठ नेतृत्व के मार्गदर्शन में यह आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्य रूप से उपस्थित रहे:
- डॉ. अदिति चतुर्वेदी वत्स (प्रो-चांसलर)
- प्रो. रवि प्रकाश दुबे (कुलपति)
- डॉ. संगीता जौहरी (कुलसचिव)
कार्यक्रम का सफल समन्वय अंतरराष्ट्रीय मामलों की अधिष्ठाता डॉ. रितु कुमारन द्वारा किया गया, जिनके प्रयासों से यह फेस्ट बेहद यादगार बना।
“रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय हमेशा से वैश्विक सांस्कृतिक समझ और समावेशी वातावरण को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध रहा है। अफ्रो फेस्ट इसी दिशा में हमारा एक सार्थक कदम है।”
सांस्कृतिक एकता का प्रतीक
‘अफ्रो फेस्ट’ ने एक बार फिर साबित किया कि कला और संगीत की कोई सीमा नहीं होती। विद्यार्थियों ने न केवल अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, बल्कि विभिन्न संस्कृतियों के बीच एकता और भाईचारे का संदेश भी दिया।




