drnewsindia.com/रतलाम। मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में संचालित एक स्पा सेंटर पर पुलिस की कार्रवाई के बाद मानव तस्करी और देह व्यापार के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि थाईलैंड और देश के उत्तर-पूर्वी राज्यों की युवतियों को राजस्थान के जयपुर और उदयपुर के रास्ते मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों के स्पा सेंटरों में भेजा जा रहा था।
पुलिस के अनुसार, शहर के तुलसी वाटर पार्क स्थित स्पा सेंटर पर शुक्रवार को की गई कार्रवाई के दौरान कई अहम तथ्य सामने आए हैं। जांच में पता चला है कि पकड़ी गई थाईलैंड की तीन युवतियों को करीब छह माह पहले जयपुर और उदयपुर में ठहराने के बाद रतलाम लाया गया था। इसके बाद उन्हें स्पा सेंटर के जरिए ग्राहकों तक पहुंचाया जा रहा था।
राजस्थान से मध्य प्रदेश तक फैला नेटवर्क
पुलिस का मानना है कि यह नेटवर्क केवल रतलाम तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके तार राजस्थान समेत अन्य राज्यों तक फैले हुए हैं। युवतियों को एक तय सिस्टम के तहत अलग-अलग शहरों के स्पा सेंटरों में भेजा जाता था, जिससे गतिविधियों पर संदेह न हो।
मामले में पुलिस ने नामली निवासी दिलीप सिंह ठाकुर, राजस्थान के पाली निवासी नरेश चौहान और जोधपुर निवासी भरत मेवाड़ा को गिरफ्तार किया है। वहीं वाटर पार्क संचालक योगेश सिंह डाबी फिलहाल फरार है, जिसकी तलाश जारी है। जांच में एक महिला की भूमिका भी सामने आई है, जिसकी संलिप्तता की पड़ताल की जा रही है।
पासपोर्ट जांच से खुला पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, कार्रवाई की शुरुआत विदेशी नागरिकों के दस्तावेजों की जांच से हुई थी। स्पा सेंटर में ठहरी विदेशी युवतियों की सूचना स्थानीय पुलिस को नहीं दी गई थी। इसी आधार पर पुलिस ने दबिश दी, लेकिन तलाशी के दौरान आपत्तिजनक सामग्री मिलने पर मामला मानव तस्करी और देह व्यापार से जुड़ा पाया गया।
व्हाट्सएप ग्रुप और गूगल ट्रांसलेटर का इस्तेमाल
जांच में यह भी सामने आया है कि युवतियों की आवाजाही और ग्राहकों से संपर्क व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए संचालित किया जाता था। चूंकि थाई युवतियां हिंदी नहीं जानती थीं, इसलिए ग्राहकों से बातचीत के लिए गूगल ट्रांसलेटर का उपयोग किया जाता था। स्पा सेंटर में 30 और 45 मिनट के पैकेज के हिसाब से अलग-अलग शुल्क तय किए गए थे।
पूछताछ में देह व्यापार की पुष्टि
पुलिस ने मोबाइल ट्रांसलेटर की मदद से थाईलैंड की तीनों युवतियों से पूछताछ की। पूछताछ के दौरान युवतियों ने स्पा सेंटर में देह व्यापार संचालित होने की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ अनैतिक देह व्यापार निवारण अधिनियम तथा विदेशी नागरिकों से संबंधित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
फिलहाल तीनों युवतियों को सुरक्षा और सहायता के लिए वन स्टॉप सेंटर भेज दिया गया है। पुलिस गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ कर नेटवर्क के अन्य सदस्यों और इससे जुड़े संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है।




