सीहोर: आधुनिक तकनीक अपनाकर किसान बढ़ाएं अपनी आमदनी, युवा सूक्ष्म उद्योगों से पैदा करें रोजगार के अवसर – कलेक्टर

0
3

drnewsindia.com

सीहोर (मध्य प्रदेश) | 15 जुलाई, 2026 जिला कलेक्टर श्री बालागुरु के. ने जिले के ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा कर उद्यानिकी विभाग और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) के तहत चल रहे विभिन्न प्रोजेक्ट्स का ग्राउंड रियलिटी चेक किया। कलेक्टर ने ग्राम खामलिया, चैनपुरा और बिलकिसगंज में खेतों और फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स का बारीकी से निरीक्षण किया और किसानों व उद्यमियों से सीधी चर्चा की।

खामलिया में वैज्ञानिक खेती और प्याज भंडारण की तारीफ

कलेक्टर सबसे पहले ग्राम खामलिया पहुंचे। यहाँ उन्होंने किसान श्री मिठूलाल मेवाड़ा के खेत पर बने पॉली लाइनिंग फार्म पॉण्ड (जल संरक्षण संरचना) और शेडनेट हाउस का निरीक्षण किया।

  • शेडनेट हाउस में की जा रही खीरा और बैंगन की उन्नत खेती को उन्होंने देखा।
  • किसान द्वारा बनाए गए प्याज भंडार गृह का अवलोकन किया, जहाँ वैज्ञानिक तरीके से प्याज सुरक्षित रखी गई थी।
  • कलेक्टर ने इस आधुनिक भंडारण तकनीक की सराहना करते हुए कहा कि फसल कटाई के बाद उसका सही प्रबंधन ही किसानों को उनकी उपज का सही दाम दिला सकता है।

चैनपुरा में पॉलीहाउस के गुलाब महके, अधिकारियों को मिले कड़े निर्देश

इसके बाद कलेक्टर ग्राम चैनपुरा पहुंचे, जहाँ किसान श्री श्याम सुंदर वर्मा के पॉलीहाउस में लहलहा रहे उच्च गुणवत्ता वाले गुलाब के फूलों की खेती ने सबका ध्यान खींचा।

  • आय बढ़ाने पर जोर: कलेक्टर ने कहा कि संरक्षित खेती (Protected Cultivation) के जरिए किसान अपनी आय को कई गुना बढ़ा सकते हैं।
  • अधिकारियों को निर्देश: उन्होंने उद्यानिकी विभाग के फील्ड स्टाफ को निर्देश दिए कि वे गांवों में जाकर किसानों को मत्स्य पालन और उद्यानिकी फसलों के लिए प्रेरित करें।
  • प्रचार-प्रसार: सरकारी योजनाओं का लाभ हर पात्र किसान तक पारदर्शी और समय पर पहुंचना चाहिए। इसके लिए योजनाओं का ज्यादा से ज्यादा प्रचार-प्रसार किया जाए।

बिलकिसगंज में ‘सोमेश नमकीन’ यूनिट का निरीक्षण: युवाओं के लिए रोजगार का मंत्र

कलेक्टर ने ग्राम बिलकिसगंज में PMFME योजना के तहत वित्तीय सहायता प्राप्त “सोमेश नमकीन” उद्योग का भी मुआयना किया।

  • उन्होंने नमकीन की उत्पादन प्रक्रिया, क्वालिटी, पैकेजिंग और मार्केट में सप्लाई चेन (विपणन व्यवस्था) को देखा।
  • कलेक्टर ने स्थानीय युवाओं को संदेश देते हुए कहा, “युवा छोटे-छोटे उद्योग या फूड प्रसंस्करण (Processing) इकाइयां लगाकर न सिर्फ आत्मनिर्भर बन सकते हैं, बल्कि अपने क्षेत्र के अन्य लोगों के लिए भी रोजगार के नए अवसर सृजित कर सकते हैं।”

निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे अधिकारी

इस महत्वपूर्ण प्रशासनिक दौरे के दौरान उद्यानिकी विभाग के सहायक संचालक श्री जगदीश सिंह मुझाल्दा सहित विभाग के अन्य मैदानी अधिकारी और प्रगतिशील किसान मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

ताजा और सटीक खबरों के लिए पढ़ते रहिए drnewsindia.com

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here