drnewsindia.com
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल गुरुवार को जंतर-मंतर पहुंचे, जहां शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हैं। इस दौरान केजरीवाल ने केंद्र सरकार से बड़ी मांग करते हुए कहा कि मौजूदा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की जगह सोनम वांगचुक को शिक्षा मंत्री बनाया जाना चाहिए।
सभा को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा, “मैं केंद्र सरकार से आग्रह करता हूं कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए सोनम वांगचुक को केंद्रीय शिक्षा मंत्री नियुक्त किया जाए और वर्तमान शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाया जाए।”

शिक्षा व्यवस्था में बड़े सुधार की जरूरत
केजरीवाल ने कहा कि देश की शिक्षा प्रणाली में व्यापक और संरचनात्मक सुधार की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में छात्र, शिक्षक और युवा पारदर्शी एवं मजबूत शिक्षा व्यवस्था की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।
20 दिन से भूख हड़ताल पर वांगचुक, सेहत लगातार बिगड़ रही
सोनम वांगचुक 20 जून से जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। उनका अनशन 20वें दिन में पहुंच चुका है। लगातार उपवास के कारण उनकी सेहत लगातार बिगड़ रही है। रिपोर्टों के अनुसार, उनका करीब 8 से 9 किलोग्राम वजन कम हो चुका है, जबकि ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर का स्तर भी चिंताजनक रूप से गिर गया है। डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं। कई सामाजिक संगठनों और सार्वजनिक हस्तियों ने भी उनसे स्वास्थ्य को देखते हुए अनशन समाप्त करने की अपील की है.

अनशन खत्म करने की भी अपील
केजरीवाल ने कहा कि वह प्रदर्शनकारियों से अनुरोध करेंगे कि वे सोनम वांगचुक को अपना अनशन समाप्त करने के लिए मनाएं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि आम आदमी पार्टी आगामी संसद के मानसून सत्र में शिक्षा सुधार और आंदोलन से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाएगी।
जंतर-मंतर पर जुटे छात्र और समर्थक
20 जून से जारी इस आंदोलन में सैकड़ों छात्र, शिक्षक, सामाजिक कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए। केजरीवाल के साथ AAP सांसद संजय सिंह और नेता सौरभ भारद्वाज भी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान सोनम वांगचुक मंच पर बैठे नजर आए, लेकिन लगातार अनशन के कारण वे काफी कमजोर दिखाई दिए और बीच-बीच में आराम करते रहे।

डिंपल यादव ने भी जताया समर्थन
समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव भी प्रदर्शन स्थल पहुंचीं। उन्होंने कहा कि देश को बेहतर शिक्षा व्यवस्था की जरूरत है और वह इस आंदोलन के साथ पूरी मजबूती से खड़ी हैं।
फिलहाल, अरविंद केजरीवाल के इस बयान पर दिल्ली भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।





