drnewsindia.com / सीहोर। जिला प्रशासन ने गेहूं उपार्जन कार्य में लापरवाही और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। सीहोर कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने शुक्रवार को एक बड़ा आदेश जारी करते हुए भादाकुई स्थित ‘ओम साईं वेयरहाउस’ को आगामी एक रबी वर्ष (सीजन) के लिए ब्लैकलिस्ट (Blacklist) करने की सख्त कार्रवाई की है।
कलेक्टर ने इस संबंध में वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक कॉर्पोरेशन के प्रबंध संचालक को पत्र भेजकर आगामी खरीदी प्रक्रिया से इसे बाहर रखने का निर्देश दिया है।
क्यों हुई यह सख्त कार्रवाई? (जांच में हुआ बड़ा खुलासा)
भादाकुई स्थित ओम साईं वेयरहाउस उपार्जन केंद्र पर गेहूं खरीदी के दौरान गंभीर अनियमितताएं और नियमों की धज्जियां उड़ाने का मामला सामने आया था।
प्रशासनिक जांच में पाई गई ये गंभीर कमियां:
- एडवांस में जमा कर लिया गेहूं: जांच के दौरान पाया गया कि जिन किसानों की स्लॉट बुकिंग भविष्य (आने वाली तारीखों) के लिए तय थी, उनका गेहूं नियमों के विरुद्ध जाकर पहले ही वेयरहाउस में अवैध रूप से जमा कर लिया गया था।
- नोटिस का नहीं दिया जवाब: इस गंभीर लापरवाही पर प्रशासन ने गोदाम संचालक को ‘कारण बताओ नोटिस’ जारी किया था। लेकिन संचालक की ओर से कोई भी संतोषजनक या स्पष्ट जवाब नहीं दिया गया, जिसके बाद प्रशासन ने यह सख्त कदम उठाया।

“धांधली किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं” – कलेक्टर
कलेक्टर बालागुरू के. ने दोटूक शब्दों में चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया है कि गेहूं उपार्जन जैसे महत्वपूर्ण सरकारी कार्य में किसी भी प्रकार की धांधली या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि नियमों के विरुद्ध जाकर बैक-डेट (पुरानी तारीख) या एडवांस में काम करने वाले सेंटर्स के खिलाफ आगे भी ऐसी ही दंडात्मक कार्रवाई होती रहेगी। इस प्रतिबंध के बाद ओम साईं वेयरहाउस अगले रबी सीजन में सरकारी गेहूं खरीदी के काम से पूरी तरह बाहर रहेगा।
अन्य वेयरहाउस संचालकों में हड़कंप
कलेक्टर के इस कड़े और औचक फैसले से जिले के अन्य उपार्जन केंद्रों और वेयरहाउस संचालकों के बीच हड़कंप मच गया है। जिला प्रशासन ने इस कार्रवाई के जरिए साफ संदेश दे दिया है कि किसानों के हितों की सुरक्षा और सरकारी नियमों की पारदर्शिता के साथ किसी भी स्तर पर खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा।





