drnewsindia.com / नई दिल्ली | डिजिटल डेस्क: राजधानी दिल्ली में बीते तीन दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच मोती बाग स्थित सत्य निकेतन इलाके में एक पुरानी बहुमंजिला इमारत (हॉस्टल/पीजी) ताश के पत्तों की तरह जमींदोज हो गई। दोपहर करीब 1:33 बजे हुए इस भीषण हादसे में अब तक 3 विद्यार्थियों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 20 से अधिक घायल छात्रों का उपचार एम्स (AIIMS) के ट्रॉमा सेंटर में जारी है। रेस्क्यू टीम ने मलबे से 9 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है।
🏛️ पीएम मोदी ने जताया दुख, सीएम रेखा गुप्ता पहुंचीं अस्पताल
- प्रधानमंत्री की संवेदनाएँ: पीएम नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा, “सत्य निकेतन में इमारत ढहने की घटना अत्यंत दुखद है। अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।”
- मुख्यमंत्री का एक्शन: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पहले घटनास्थल पर पहुँचकर एनडीआरएफ (NDRF) और दमकल विभाग के रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लिया, तत्पश्चात एम्स ट्रॉमा सेंटर पहुँचकर घायलों का हाल जाना। सीएम ने स्पष्ट किया कि “हादसे के पीछे जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।”

🚨 मकान मालिक पर FIR दर्ज, जांच के लिए उच्चस्तरीय कमेटी गठित
दक्षिण दिल्ली के सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी ने बताया कि घटना की जांच के लिए शासन स्तर पर एक जांच समिति का गठन कर दिया गया है:
- मकान मालिक पर कार्रवाई: इमारत के मालिक के खिलाफ आपराधिक लापरवाही की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया गया है।
- पुरानी थी इमारत: सांसद ने बताया कि इमारत काफी पुरानी थी। उन्होंने भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम लागू करने की बात कही।
💬 हादसे पर गरमाई राजनीति: राहुल गांधी, केजरीवाल और आप-कांग्रेस का हमला
| नेता / पार्टी | मुख्य बयान और उठाए गए सवाल |
| राहुल गांधी | “अमानवीय परिस्थितियों में PG में 40-40 छात्र रहने को मजबूर हैं। कॉलेज-यूनिवर्सिटी में अच्छे हॉस्टल न होना चिंताजनक है। हर छात्र की जान कीमती है।” |
| अरविंद केजरीवाल | “दिल्ली में सरकार की लापरवाही से लगातार हादसे हो रहे हैं। सरकार को नींद से जागकर कड़े एक्शन लेने होंगे।” |
| सौरभ भारद्वाज (AAP) | एमसीडी (MCD) के बिल्डिंग विभाग पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए सिस्टम के ढुलमुल रवैये को हादसे की वजह बताया। |
| अभिषेक दत्त (कांग्रेस) | “दिल्ली में इमारतों का लगातार गिरना और बच्चों की जान जाना चुनाव से भी बड़ा मुद्दा है। पीड़ितों को तुरंत मुआवजा मिले।” |

🚑 युद्ध स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग (Delhi Fire Service) और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुँच गई थीं। मलबे को हटाने और फंसे हुए अन्य लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन देर शाम तक लगातार जारी रहा।




