पाकिस्तान क्रिकेट टीम के सपोर्ट स्टाफ में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिला है। टीम के बॉलिंग कोच एशले नोफ्के ने अपने पद से इस्तीफा देने का फैसला किया है। जानकारी के मुताबिक, नोफ्के एशियन गेम्स 2026 के बाद पाकिस्तान टीम के साथ अपनी जिम्मेदारी छोड़ देंगे। उनके जाने से पाकिस्तान के कोचिंग सेटअप में एक और बदलाव होना तय है। खास बात यह है कि उनका मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट जून 2027 तक था, इसके बावजूद उन्होंने उससे पहले ही अलग होने का निर्णय लिया है।
एशियन गेम्स 2026 के बाद छोड़ेंगे पाकिस्तान टीम
एशले नोफ्के फिलहाल पाकिस्तान के कोचिंग सपोर्ट स्टाफ का हिस्सा हैं और बॉलिंग विभाग की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। हालांकि, वह एशियन गेम्स 2026 के बाद इस भूमिका से हट जाएंगे। इसका मतलब है कि पाकिस्तान क्रिकेट टीम के साथ उनका कार्यकाल तय अवधि पूरी होने से पहले ही समाप्त हो जाएगा।
नोफ्के का पाकिस्तान क्रिकेट टीम के साथ कॉन्ट्रैक्ट जून 2027 तक था। ऐसे में उनका समय से पहले पद छोड़ने का फैसला टीम के सपोर्ट स्टाफ में एक और महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। पिछले कुछ समय में पाकिस्तान क्रिकेट के कोचिंग और सपोर्ट स्टाफ में कई बदलाव देखने को मिले हैं और नोफ्के का जाना भी उसी क्रम में जुड़ गया है।
एशियन गेम्स 2026 के बाद उनके अलग होने से पाकिस्तान टीम को अपने बॉलिंग कोच की भूमिका के लिए नया विकल्प तलाशना होगा। टीम मैनेजमेंट को आने वाले अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए गेंदबाजी विभाग के लिए नई व्यवस्था करनी पड़ सकती है।
पाकिस्तान के कोचिंग सेटअप में पहले भी हुए हैं बदलाव
एशले नोफ्के पाकिस्तान के कोचिंग सेटअप में हालिया बदलावों के दौरान टीम से जुड़े थे। रिपोर्ट के मुताबिक, लॉर्ड्स टेस्ट में हार के बाद उन्हें रातों-रात इंग्लैंड बुलाया गया था। इसके बाद पाकिस्तान के कोचिंग सिस्टम में उनकी भूमिका और टीम की जरूरतों के अनुसार उनके काम को लेकर चर्चा हुई।
पाकिस्तान क्रिकेट टीम के सपोर्ट स्टाफ में लगातार बदलाव का असर टीम की तैयारी और कोचिंग व्यवस्था पर भी पड़ सकता है। किसी भी अंतरराष्ट्रीय टीम के लिए कोचिंग स्टाफ में निरंतरता महत्वपूर्ण होती है, क्योंकि कोच खिलाड़ियों के साथ लंबे समय तक काम करके उनकी तकनीक, फिटनेस, मानसिक तैयारी और मैच रणनीति को समझते हैं।




