सीहोर। जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने और किसानों-व्यापारियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्टर बालागुरू के. ने बुधवार को आष्टा सिविल अस्पताल एवं नवीन कृषि उपज मंडी का विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं, मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं, साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता और शासन की स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। इसके बाद नवीन कृषि उपज मंडी पहुंचकर निर्माण एवं विकास कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने मंडी में किसानों और व्यापारियों के लिए पेयजल, विद्युत, सड़क, शेड, दुकानों और अन्य मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर विकसित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए अस्पताल और मंडी दोनों स्थानों पर आम नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

आष्टा सिविल अस्पताल में दिए ये निर्देश
- अस्पताल के सभी वार्ड, ओपीडी, दवा वितरण केंद्र, प्रसूति कक्ष, आपातकालीन सेवाएं और जांच सुविधाओं का निरीक्षण किया।
- अस्पताल परिसर में साफ-सफाई और मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
- चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मियों की उपलब्धता, दवाओं के स्टॉक और अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली।
- शासन की स्वास्थ्य योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
- सीबीएमओ डॉ. अमित माथुर ने अस्पताल की व्यवस्थाओं की जानकारी प्रस्तुत की।

नवीन कृषि उपज मंडी में सुविधाओं पर जोर
- मंडी परिसर के निर्माण एवं विकास कार्यों का निरीक्षण किया।
- किसानों और व्यापारियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा की।
- सड़क, शेड, पेयजल, विद्युत और अन्य आधारभूत सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया।
- निर्माणाधीन भवनों और व्यापारिक सुविधाओं की प्रगति की समीक्षा की।
- मंडी कार्यालय अधीक्षक अरविंद झवर ने बताया कि स्थायी पेयजल, विद्युत व्यवस्था और दुकानों के निर्माण की आवश्यकता है।

कलेक्टर के प्रमुख निर्देश
- निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता न किया जाए।
- सभी लंबित निर्माण कार्य जल्द से जल्द पूरे किए जाएं।
- किसानों और व्यापारियों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
- मंडी में पेयजल और विद्युत की स्थायी व्यवस्था शीघ्र सुनिश्चित की जाए।
- विद्युत आपूर्ति के लिए मध्य प्रदेश विद्युत मंडल और पेयजल व्यवस्था के लिए नगर पालिका को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान आष्टा एसडीएम महेंद्र प्रताप सिंह किरार, तहसीलदार राम पगारे तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




