ट्रम्प का बड़ा दावा: चीन होर्मुज खुलवाने को तैयार, ईरान ने लागू किए नए नियम; BRICS से अमेरिका-इजराइल की निंदा की मांग

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drnewsindia.com/ तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन DC।

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने होर्मुज स्ट्रेट को खुला रखने में मदद की पेशकश की है। ट्रम्प के मुताबिक चीन चाहता है कि अमेरिका और ईरान के बीच किसी तरह समझौता हो जाए, क्योंकि चीन बड़ी मात्रा में ईरानी तेल खरीदता है और उसकी आर्थिक दिलचस्पी इस समुद्री रास्ते से जुड़ी हुई है।

फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में ट्रम्प ने कहा कि शी जिनपिंग ने उनसे कहा कि अगर किसी तरह मदद की जरूरत हो तो चीन सहयोग के लिए तैयार है।

ट्रम्प बोले- चीन चाहता है होर्मुज खुला रहे

ट्रम्प ने कहा कि चीन ईरान से भारी मात्रा में तेल खरीदता है, इसलिए वह नहीं चाहता कि होर्मुज स्ट्रेट बंद हो।

उन्होंने कहा,

“जो देश इतना ज्यादा तेल खरीदता है, उसका ईरान से संबंध होना स्वाभाविक है। चीन चाहता है कि होर्मुज खुला रहे।”

हालांकि ट्रम्प ने यह भी कहा कि अमेरिका को होर्मुज खुले रहने की उतनी जरूरत नहीं, जितनी चीन और अन्य देशों को है।

ईरान ने होर्मुज के लिए जारी किए नए प्रोटोकॉल

इधर ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों के लिए नए नियम लागू कर दिए हैं। अब समुद्री जहाजों को ईरानी निगरानी और मंजूरी प्रक्रिया से गुजरना पड़ रहा है।

तनाव बढ़ने के बीच अमेरिका का दावा है कि क्षेत्र में हालात बिगड़ने के कारण अब तक करीब 70 कारोबारी जहाजों ने अपना रास्ता बदल दिया है।

गुजरात का मालवाहक जहाज डूबा

बीते 24 घंटों में एक और बड़ी घटना सामने आई। गुजरात का मालवाहक जहाज ‘हाजी अली’ ओमान के पास कथित ड्रोन या मिसाइल हमले की चपेट में आकर डूब गया।

हालांकि राहत की बात यह रही कि जहाज पर सवार सभी 14 क्रू सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया।

ईरान ने BRICS देशों से की अपील

नई दिल्ली में BRICS देशों की बैठक के दौरान ईरानी विदेश मंत्री ने अमेरिका और इजराइल पर अंतरराष्ट्रीय कानूनों के उल्लंघन का आरोप लगाया।

ईरान ने BRICS देशों से खुलकर अमेरिका और इजराइल की निंदा करने की अपील की है। ईरानी पक्ष का कहना है कि क्षेत्र में तनाव बढ़ाने के लिए दोनों देशों की नीतियां जिम्मेदार हैं।

ईरानी विदेश मंत्री बोले- धमकियों से कुछ हासिल नहीं होगा

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अमेरिका और इजराइल वर्षों से ईरान को धमकाते रहे हैं, लेकिन उन्हें कोई सफलता नहीं मिली।

उन्होंने कहा कि युद्ध और धमकी की रणनीति पहले भी विफल रही है और भविष्य में भी उसका परिणाम नहीं बदलेगा।

ट्रम्प की ईरान को चेतावनी- समझौता करो या तबाह हो जाओ

दूसरी तरफ ट्रम्प ने ईरान को सख्त संदेश देते हुए कहा कि तेहरान या तो अमेरिका के साथ समझौता करे या गंभीर परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहे।

उन्होंने दावा किया कि अमेरिका को ईरान की सैन्य गतिविधियों और हथियारों की पूरी जानकारी है।

मध्य पूर्व में नए शांति समझौते की कोशिश

रिपोर्ट्स के अनुसार, सऊदी अरब मध्य पूर्व के देशों और ईरान के बीच एक नए सुरक्षा समझौते पर काम कर रहा है। प्रस्तावित समझौते में शामिल देश एक-दूसरे पर हमला नहीं करने का वादा कर सकते हैं।

हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि इस पहल की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि क्षेत्र के कितने देश इसमें शामिल होते हैं।

5 बड़े अपडेट एक नजर में

  • चीन ने होर्मुज खुला रखने में मदद की पेशकश की
  • ईरान ने जहाजों के लिए नए प्रोटोकॉल लागू किए
  • गुजरात का मालवाहक जहाज ओमान के पास डूबा
  • BRICS से अमेरिका-इजराइल की निंदा की मांग
  • 70 जहाजों ने बदला अपना समुद्री रास्ता

पश्चिम एशिया में तेजी से बदलते हालात के बीच दुनिया की नजर अब होर्मुज स्ट्रेट और अमेरिका-ईरान संबंधों पर टिकी हुई है।

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