drnewsindia.com / नई दिल्ली | 18 अगस्त 2026
भारत सरकार ने अगले पांच वर्षों में खेलों को नई ऊंचाई देने के लिए बड़ा प्लान तैयार किया है। भारतीय खेल प्राधिकरण के अनुसार खेलो इंडिया योजना के तहत 2026 से 2031 के बीच 36,441 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सरकार का फोकस केवल खेल सुविधाएं बढ़ाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि खिलाड़ियों की पहचान से लेकर प्रशिक्षण, कोचिंग, खेल विज्ञान और अंतरराष्ट्रीय स्तर की तैयारी तक पूरी व्यवस्था को मजबूत करने पर रहेगा।
2036 में 30 से 35 मेडल का लक्ष्य
सरकार ने भविष्य के ओलिंपिक के लिए महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किए हैं। 2036 ओलिंपिक में 12 से 14 गोल्ड सहित कुल 30 से 35 मेडल जीतने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ भारत को 2036 की ओलिंपिक मेडल तालिका में शीर्ष 10 देशों में शामिल करने की योजना है।
वहीं 2048 ओलिंपिक में 35 से 40 गोल्ड सहित कुल 90 से 100 मेडल जीतकर भारत को टॉप-5 देशों में पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।

खिलाड़ियों की संख्या 10 गुना बढ़ेगी
रिवैंप्ड खेलो इंडिया योजना के तहत खिलाड़ियों को अलग-अलग योजनाओं के बजाय उनकी पूरी खेल यात्रा के लिए सहायता देने की तैयारी है। 2026 से 2031 के बीच योजना से लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की संख्या 10 गुना बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
योजना के तहत करीब 30 हजार खिलाड़ियों को सहयोग देने की योजना है। खर्च में केंद्र और राज्यों की हिस्सेदारी 60:40 रखी गई है।
प्रतिभा खोज से लेकर खेल विज्ञान तक फोकस
ओलिंपिक लक्ष्य हासिल करने के लिए जमीनी स्तर पर प्रतिभाओं की पहचान, आधुनिक खेल ढांचे, बेहतर कोचिंग, खेल विज्ञान और तकनीक पर विशेष जोर दिया जाएगा।
भारत ने पेरिस ओलिंपिक 2024 में छह पदक जीते थे और पदक तालिका में 71वें स्थान पर रहा था। अब सरकार की नई योजना का लक्ष्य अगले एक दशक में भारत को दुनिया की शीर्ष खेल शक्तियों में शामिल करना है।




